उत्तराखंड के 40 हजार से अधिक कर्मचारियों को मिलेगा सामाजिक सुरक्षा का लाभ

6
खबर शेयर करें -

 उत्तराखंड में 40 हजार से अधिक ऐसे कर्मचारियों के लिए सामाजिक सुरक्षा का रास्ता खुलने जा रहा है, जो अब तक वेतन सीमा के चलते कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) की पेंशन व्यवस्था से बाहर थे। केंद्र सरकार की ओर से कर्मचारी भविष्य निधि के लिए वेतन सीमा बढ़ाए जाने के बाद इन कर्मचारियों को कर्मचारी पेंशन योजना (ईपीएस) का लाभ मिलने की उम्मीद है।

नई व्यवस्था के तहत पेंशन के लिए पात्रता वाली मासिक वेतन सीमा को 15 हजार रुपये से बढ़ाकर 25 हजार रुपये कर दिया गया है। इसके बाद 25 हजार रुपये तक मासिक वेतन पाने वाले पात्र कर्मचारियों को नियमित पीएफ अंशदान के साथ कर्मचारी पेंशन योजना के तहत सामाजिक सुरक्षा का लाभ मिल सकेगा।

क्षेत्रीय भविष्य निधि आयुक्त वीवीबी सिंह के अनुसार, केंद्र के इस फैसले का असर देशभर में व्यापक होगा। अनुमान है कि नई व्यवस्था के चलते करीब 51 लाख नए अंशधारक ईपीएफओ से जुड़ सकते हैं। उत्तराखंड में भी बड़ी संख्या में कर्मचारी इसके दायरे में आएंगे और करीब 40 हजार से अधिक नए कर्मचारियों को पीएफ पेंशन व्यवस्था से जुड़ने का अवसर मिलने की उम्मीद है।

वेतन सीमा बढ़ने से उन कर्मचारियों को खास फायदा होगा, जो अब तक निर्धारित आय सीमा अधिक होने के कारण ईपीएफओ की सामाजिक सुरक्षा व्यवस्था में शामिल नहीं हो पा रहे थे। नई व्यवस्था लागू होने के बाद इन कर्मचारियों के लिए पीएफ के साथ पेंशन सुरक्षा का भी रास्ता साफ होगा।