अब लापरवाही नहीं चलेगी: राजस्व कर्मचारियों पर गिरेगी गाज, आयुक्त के कार्रवाई के निर्देश

9
खबर शेयर करें -

उत्तराखंड के कुमाऊं मंडलायुक्त दीपक रावत ने सोमवार को नैनीताल में उपजिलाधिकारी कार्यालय, तहसील और सब-रजिस्ट्रार कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने राजस्व मामलों के निस्तारण, अभिलेखों के रखरखाव और कार्यालयीय कार्यप्रणाली की विस्तृत समीक्षा की।

निरीक्षण में कई गंभीर खामियां सामने आईं। उपजिलाधिकारी न्यायालय में धारा 229-बी के तहत 15 से 20 वर्षों से लंबित मामलों पर आयुक्त ने गहरी नाराजगी जताई और निर्देश दिए कि पुराने मामलों में अनावश्यक लंबी तारीखें देने की बजाय साप्ताहिक या तीन-तीन दिन में नियमित सुनवाई कर त्वरित निस्तारण किया जाए।

धारा 176 के अंतर्गत संपत्ति बंटवारे से जुड़े मामलों में आदेश के बावजूद पटवारियों द्वारा ‘कुर्रे’ दाखिल न किए जाने पर उन्होंने लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों के खिलाफ कारण बताओ नोटिस जारी करने और अनुशासनात्मक कार्रवाई के निर्देश दिए। वहीं धारा 143 के तहत कृषि भूमि को अकृषक घोषित करने से जुड़े लंबित मामलों की समीक्षा में भी ढिलाई पाए जाने पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की गई।

राजस्व अभिलेखों के रखरखाव में कमी, सम्मन तामिली पंजिका और इश्तहार पंजिका जैसे रिकॉर्ड्स में अनियमितताओं तथा राजस्व अहलमद द्वारा संतोषजनक जानकारी न देने पर भी कार्रवाई के निर्देश दिए गए। आयुक्त ने संबंधित कर्मियों को कारण बताओ नोटिस और प्रतिकूल प्रविष्टि देने के आदेश दिए।

इसके अलावा, कई राजस्व निरीक्षकों और उप निरीक्षकों द्वारा समय पर कार्रवाई न करने पर उनकी सूची तैयार कर कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए। आयुक्त ने स्पष्ट कहा कि जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी और सभी लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।

निरीक्षण के दौरान सब-रजिस्ट्रार कार्यालय में भी गंभीर अनियमितताएं सामने आईं। रजिस्ट्री के बाद दस्तावेजों की रिसीविंग पंजिका उपलब्ध न होना और कई मामलों का रिकॉर्ड मौके पर प्रस्तुत न किया जाना पाए जाने पर आयुक्त ने कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने सभी अभिलेखों को तत्काल अद्यतन करने और भविष्य में ऐसी लापरवाही न होने की चेतावनी दी, साथ ही सब-रजिस्ट्रार से स्पष्टीकरण तलब किया। निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी, प्रशिक्षु आईएएस, तहसीलदार सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।