फूलों से सजा स्वर्ग सा धाम: बाबा केदार के दर्शन को तैयार हुआ दिव्य केदारनाथ, जानें नियम

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देहरादून। विश्वप्रसिद्ध केदारनाथ धाम के कपाट इस वर्ष 22 अप्रैल 2026 को सुबह 8:00 बजे वैदिक मंत्रोच्चार और विधि-विधान के साथ श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए जाएंगे। इसी के साथ बहुप्रतीक्षित केदारनाथ यात्रा 2026 का औपचारिक शुभारंभ होगा।

इस पावन अवसर पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी केदारनाथ धाम पहुंचकर विशेष पूजा-अर्चना और धार्मिक अनुष्ठानों में शामिल होंगे।

मंदिर समिति ने बड़ा निर्णय लेते हुए केदारनाथ मंदिर परिसर में मोबाइल फोन के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। समिति के सदस्य विनीत पोस्ती ने बताया कि अब कोई भी श्रद्धालु मंदिर परिसर में मोबाइल फोन लेकर प्रवेश नहीं कर सकेगा। इसके साथ ही फोटो, वीडियो शूटिंग और सोशल मीडिया रील बनाने पर भी पूरी तरह रोक रहेगी।

उन्होंने स्पष्ट किया कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी और इसके लिए निगरानी व्यवस्था भी मजबूत की गई है।

कपाट खुलने से पहले केदारनाथ मंदिर को 51 क्विंटल ताजे गेंदे और रंग-बिरंगे फूलों से भव्य रूप से सजाया गया है। पूरे क्षेत्र में भक्ति और श्रद्धा का माहौल चरम पर है। बाबा केदार की पंचमुखी डोली के धाम पहुंचने के साथ ही श्रद्धालुओं का उत्साह और बढ़ गया है।

जिला प्रशासन रुद्रप्रयाग ने यात्रा को सुरक्षित और सुगम बनाने के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं। यात्रा मार्गों की मरम्मत, पैदल मार्ग पर शौचालय, पेयजल, भोजन और आवास की सुविधाएं सुनिश्चित की गई हैं। इसके साथ ही हर दो किलोमीटर पर चिकित्सा सहायता केंद्र स्थापित किए गए हैं।

स्वच्छता को ध्यान में रखते हुए आधुनिक शौचालयों के साथ गर्म पानी की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है।

पूरे यात्रा मार्ग और धाम परिसर में पुलिस एवं प्रशासन द्वारा कड़े सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो।

देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु केदारनाथ धाम पहुंच रहे हैं और प्रशासन की व्यवस्थाओं की सराहना कर रहे हैं। कपाट खुलने के साथ ही केदारनाथ धाम एक बार फिर आस्था, श्रद्धा और आध्यात्मिक ऊर्जा के केंद्र के रूप में भक्तों का स्वागत करेगा।